मूल निवास व भू कानून को लेकर यूकेडी 1 जनवरी को जिला मुख्यालयों में करेगा प्रदर्शन | Jokhim Samachar Network

Monday, March 04, 2024

Select your Top Menu from wp menus

मूल निवास व भू कानून को लेकर यूकेडी 1 जनवरी को जिला मुख्यालयों में करेगा प्रदर्शन

-मूल निवास की कट आॅफ डेट सन 1950 रखे जाने व सशक्त भू कानून लागू करने की मांग
-यूकेडी का सदस्यता अभियान 1 जनवरी से होगा शुरु, पांच लोकसभा क्षेत्रों में पांच लाख सदस्य बनाने का है लक्ष्य

देहरादून, । उत्तराखंड क्रांति दल के केंद्रीय अध्यक्ष पूरण सिंह कठैत ने कहा कि राज्य में मूल निवास की कट ऑफ डेट 1950 रखी जाए। प्रदेश में जमीनों को बचाने के लिए सख्त भू कानून लागू किया जाए। श्री कठैत ने कहा कि यूकेडी का सदस्यता अभियान 1 जनवरी से शुरु होगा। राज्य के पांच लोकसभा क्षेत्रों में पांच लाख सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
यूकेडी के केंद्रीय कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में केंद्रीय अध्यक्ष पूरण सिंह कठैत ने कहा कि उत्तराखंड क्रांति दल मूल निवास की कट आॅफ डेट सन 1950 रखे जाने की मांग पूर्व से ही करता आया है। राज्य में सशख्त भू कानून लागू किया जाए, जिससे राज्य कि बची भूमि को बचाया जा सके। उन्होंने कहा हैं कि दल लोकसभा क्षेत्र वार सदस्यता अभियान नये सिरे से चलाएगा जिसका प्रथम चरण 01 जनवरी से शुरू होगा। प्रत्येक लोकसभा क्षेत्र से एक एक लाख सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा गया हैं।
मूल निवास की कट आॅफ डेट सन 1950 रखे जाने व भू-कानून की मांग को लेकर 01 जनवरी को प्रत्येक जनपद मुख्यालय में धरना-प्रदर्शन होगा व मुख्यमंत्री को मांग पत्र भेजा जायेगा। श्री कठैत ने कहा कि सरकार जंगली जानवरों के आतंक से निजात हेतु कड़े कदम उठाये। जंगली जानवरों के आतंक से पहाड़ों में खेती करना दूभर हो गया हैं। किसानों कि फसलें नष्ट हो रही हैं। जो पहाड़ो में लोग हैं जंगली जानवरों से परेशान हैं। सरकार से उक्रांद मांग करता हैं कि इसके लिए सही राश्ता निकाला जाय। उन्होंने कहा हैं कि मूल निवास की कट ऑफ डेट 1950 उत्तराखंड में लागू का समर्थन कांग्रेस नहीं करती हैं जिसका दल निंदा करता है। कहा कि ये कांग्रेस का दिवालियापन है। वैसे इस मुद्दे पर दोनों दल कांग्रेस और भाजपा एक सिक्के के दो पहलू हैं। इस अवसर पर केंद्रीय मीडिया प्रभारी सुनील ध्यानी, सुनील कोटनाला, प्रमिला रावत, प्रताप कुंवर, अनिल थपलियाल, बिजेंद्र रावत, प्रमोद काला उपस्थित रहे।

About The Author

Related posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *